Google+ Followers

Saturday, July 16, 2016

खो जाऊँगी तलाश में भटकोगे शहर में

महफूज नही लग रहा दिल दिल के सफर में ,
मैं कैद हो रही हूँ फिर अपनी ही नजर में ,


जब तक तेरी तलब में हूँ तुझको कदर नही ,
खो जाऊँगी तलाश में भटकोगे शहर में ||


No comments:

Post a Comment