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Wednesday, March 13, 2013

जीवन बीमा

शनिवार - रविवार  , 
सोमवार - मंगलवार ।
आज बीमार ,कल बीमार ,
परसों बीमार ,नरसो बीमार ।
हद हो गई अब तो यार ,
रोज- रोज ही रहें बीमार ।
जीवन के तोहफे ये चार ,
सर्दी - खांसी ,नजला - बुखार ।
पड़ी बिमारी की वो मार ,
दवा - दुआ अब सब बेकार ।

बोले हम जीवन से हार ,
हे यमराज लगाओ पार ।
हंसके बोले यम सरकार ,
मरना है तो दूँ मैं मार ।
पर इतना कर जा उपकार ,
देगा दुआ तेरा परिवार ।
छोड़ने से पहले संसार ,
जीवन बीमा करलो यार ।  

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